Advertisement
Advertisement
ख़बर शेयर करें -

हल्द्वानी। तिकोनिया तिराहे से वर्कशाप लाईन के बरसाती नहर के सड़क के दोनों तरफ हुये अतिक्रमण व शाम के समय यहां लगे इन ठेलों पर चलने वाले स्ट्रीट बारों ने लोगों का जीना मुहाल किया हुआ है। खासकर नहर के साथ सटी हल्द्वानी वन प्रभाग की आवासीय कॉलौनी में रहने वाले 75 परिवारों के साथ ही दो आई.एफ.एस अधिकारी, दो उप प्रभागीय वनाधिकारी व उप प्रभागीय अधिकारी के कार्यालय शामिल है, को शाम को चलने वाले इन स्ट्रीट बारों ने ठेगें पर रखा हुआ है।

इन अवैध स्ट्रीट बारों के संचालकों को न तो अधिकारियों के ओहदे का ही कोई लिहाज है और न की कॉलौनी में निवास करने वाले 75 परिवारों की बहू-बेटियों को लेकर ही इनके आंखों मे कोई शर्म है। ठेलारूपी ये अवैध स्ट्रीट बार संचालकों के रोज के हो-हल्ले से परेशान कॉलौनीवासी अब रोज की इस समस्या से निजात पाने के लिये एक बड़ा कदम उठाने जा रहे है। यहां बता दे कि शाम होते ही तिकोनिया चौराहे से लेकर बरसाती नहर (बरगद के पेड़ तक) दोनों तरफ लगने वाले ठेलों से जहां आवगमन में राहगीरों को भारी परेशानी होती है वही इन ठेलों के उपर सजने वाले स्ट्रीट बारों व उस से होने वाले शोरगुल से बरसाती नहर से सटी वन विभाग की कॉलौनी में बसे 75 परिवारों को आये दिन परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इन अवैध स्ट्रीट बारों पर टकराने वाले शराब के प्यालो से कॉलौनी की बहू-बेटियों का शाम के समय इस सड़क पर चलना दुर्भर हो जाता है। सड़क पर हुये इस अतिक्रमण को लेकर कॉलौनी वासियों द्वारा पूर्व में भी प्रशासन से शियकायत की गयी लेकिन कार्रवाही महज खानापूर्ति तक सीमित रही। इतना ही नहीं इस मार्ग पर से अतिक्रमण हटाने को लेकर पूर्व में उच्च न्यायालय से भी निर्देश दिये गये थे, लेकिन उसके बाद भी आज स्थिति जस की तस बनी हुयी है। अतिक्रमण हटाने को लेकर प्रशासन द्वारा की जा रही लीपा पोती से परेशान वन विभाग कॉलौनी के वाशिंदे अब इसे लेकर बड़ी कार्यवाही करने जा रहे है। जिसका आगाज सम्भवतः सोमवार से होगा।

Comments

[gs-fb-comments]